315
views
views
सीधा सवाल। कपासन। दुर्गा माता रोड़ पर स्थित बड़ला वाले सगस बावजी मंदिर परिसर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के पंचम दिवस पर कथा व्यास पं. आशीष आनन्द महाराज ने श्री कृष्ण लीला के सुन्दर प्रसंग सुनाते हुए बताया कि गोपी बनकर ही कृष्ण प्रेम को पाया जा सकता हैं। प्रेम के वशिभूत होकर ही त्रिलोकी के स्वामी भक्तों के इशारों पर नाचते हैं। कलयुग में केवल निश्चल भक्ति के द्वारा ही प्रभु को पाया जा सकता हैं। कृष्ण की बाल लीलाओं के साथ सुंदर भजनों की प्रस्तुति से श्रोतागण झूम उठे, कथा का विश्राम 31 दिसंबर को होगा। श्रीमद् भागवत कथा श्रवण हेतु महिलाओं की भीड़ उमड़ रही हैं। आयोजक मंडल द्वारा छाया पानी का उचित प्रबंध किया गया।