525
views
views
पूर्व यूडीएच मंत्री एवं विधायक श्रीचंद कृपलानी ने नियम 295 के तहत रखा विशेष उल्लेख प्रस्ताव
सीधा सवाल। निंबाहेड़ा।
पूर्व यूडीएच मंत्री एवं विधायक श्रीचंद कृपलानी ने विधानसभा में नियम 295 के तहत विशेष उल्लेख प्रस्ताव प्रस्तुत कर जिला चित्तौड़गढ़ के श्रमिकों के लंबित भुगतान का गंभीर मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि श्रम विभाग, चित्तौड़गढ़ के SNA पोर्टल पर भुगतान अटकने के कारण जिले के हजारों श्रमिकों को लंबे समय से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
विधायक कृपलानी ने बताया कि वर्ष 2022–23 में विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत कुल 11,855 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिनमें से 6,329 आवेदनों का भुगतान किया जा चुका है, जबकि 5,529 आवेदनों का भुगतान अब भी लंबित है। उन्होंने कहा कि यह स्थिति चिंताजनक है और श्रमिकों को उनके अधिकार से वंचित कर रही है।
उन्होंने सदन को अवगत कराया कि कोषालय द्वारा बिल भुगतान के दौरान यदि किसी एक आवेदन के बैंक खाते का विवरण—जैसे खाता संख्या या आईएफएससी कोड—त्रुटिपूर्ण होता है, तो संपूर्ण बिल का भुगतान रुक जाता है। इसी कारण करोड़ों रुपये की राशि SNA पोर्टल पर अटकी हुई है और श्रमिक अपने हक के भुगतान के लिए कार्यालयों के चक्कर लगाने को मजबूर हैं।
कृपलानी ने बताया कि भवन एवं अन्य संनिर्माण श्रमिक कल्याण मंडल द्वारा ‘निर्माण श्रमिक’ अथवा ‘निर्माण कार्य में नियोजित’ पंजीकृत श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जाती हैं। इनमें सामान्य दुर्घटना सहायता, प्रसूति सहायता, शिक्षा सहायता, कौशल विकास तथा टूल किट योजना जैसी योजनाएं शामिल हैं। इन योजनाओं का उद्देश्य श्रमिकों को अधिकतम लाभ पहुंचाना है, लेकिन भुगतान में देरी से योजनाओं का वास्तविक लाभ प्रभावित हो रहा है।
उन्होंने सरकार से मांग की कि संबंधित अधिकारियों को निर्देशित कर लंबित भुगतान की प्रक्रिया में आ रही तकनीकी एवं प्रशासनिक बाधाओं का शीघ्र समाधान किया जाए, ताकि चित्तौड़गढ़ जिले के श्रमिकों को उनका बकाया भुगतान जल्द से जल्द मिल सके और उन्हें राहत प्रदान हो सके।
विधायक कृपलानी ने कहा कि श्रमिक वर्ग समाज की रीढ़ है और उनके हितों की रक्षा करना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि सरकार इस विषय को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई करेगी।