views
सीधा सवाल। चित्तौड़गढ़। शहर में करीब एक माह पूर्व सिटी पेट्रोल पंप के समीप दिन दहाड़े कुरियर व्यवसायी रमेश ईनाणी की हत्या के मामले में पुलिस लगातार अनुसंधान कर रही है। हत्या करने वाले उत्तरप्रदेश निवासी मनीष दूबे को गिरफ्तार कर उसके निवासी बनारस सहित अन्य स्थानों पर अनुसंधान किया है। वहीं पूरे मामले की कड़ी से कड़ी जोड़ी जा रही है। ईनाणी के परिजनों ने रामद्वारा के संत रमताराम पर हत्या के आरोप लगाते हुवे नामजद रिपोर्ट दी थी। भूमि विवाद को लेकर हत्या किए जाने का आरोप भी लगाया था। इसके बाद से पुलिस विभिन्न पहलुओं की जांच में जुटी थी। इसी बीच रमताराम ने गुरुवार को चित्तौड़गढ़ जिला एवं सत्र न्यायाधीश के समक्ष अग्रिम जमानत का प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया है। अग्रिम जमानत का प्रार्थना पत्र प्रस्तुत होने के साथ ही अब रमताराम की इस हत्याकांड में संलिप्तता का संदेह पुख्ता होता जा रहा है।
कोतवाली सीआई तुलसीराम प्रजापत ने बताया कि हत्या के संबंध में पुलिस ने प्रकरण दर्ज किया है। परिजनों ने एफआईआर में रमताराम पर संदेह व्यक्त किया था। पुलिस ने फायरिंग करने वाले आरोपित को पूर्व में गिरफ्तार कर लिया था। वहीं रमताराम को लेकर जांच की जा रही थी। वहीं रमताराम के गायब होने की जानकारी सामने आई थी। कई दिनों से पुलिस तलाश में जुटी थी। वहीं अब रमताराम के अधिवक्ता ने न्यायालय में अग्रिम जमानत का आवेदन पेश किया है। इस पर सुनवाई शनिवार को होनी है। इधर, जानकारी मिली है कि जमानत प्रार्थना पत्र बाहर से आए अधिवक्ताओं की और से प्रस्तुत किया गया है। इधर, रमेश ईनाणी हत्याकांड के मामले में पुलिस ने जहां मोबाइल नम्बर, वाट्सएप कॉलिंग जैसी तकनीकों के आधार पर बारीकी से अनुसंधान किया गया। वहीं आरोपी मनीष दूबे के बैंक खातों मे किए गए लेन-देन की भी जानकारी ली गई। सूत्र बताते है कि इस मामले में करीब 2 दर्जन से अधिक लोगों से पुलिस ने अनुसंधान किया है और संभवतया पुलिस रमताराम की तलाश में जुटी हुई है। शहर के रामद्वारा में भी अनुसंधान अधिकारी तुलसीराम ने दो-तीन बार जांच की लेकिन रमताराम नहीं मिले। सूत्र बताते है कि गत 30 नवम्बर से ही रामद्वारा के संत रमताराम गायब है। पुलिस उनकी जानकारी जुटा रही है।